बाहरी चिकित्सक का वोर्ड लगा कर अप्रशिक्षित लोग कर रहे इलाज व जांच ,मंत्री जी आखिर ऐसे लोगो पर कब कार्यवाही करेगा स्वास्थ्य विभाग ,इटवा क्षेत्र में बेरोक टोक फल फूल रहा है अबैध रुप से संचालित नर्सिगहोम

इटवा, सिद्धार्थनगर ।स्थानीय क्षेत्र में स्वास्थ्य विभाग की उदासीनता के चलतें आये दिन जहां मरीजो का शोषण के साथ ही जीवन सेखिलवाड़ हो रहा । वही दूसरे तरफ इटवा कस्बे से लेकर विस्कोहर व कठेला आदि चैराहो पर बेखौफ होकर लोग मेडिकल नियमो की धज्जियां उड़ाते हुये बाहरी चिकित्सक का वोर्ड लगाकर मरीजो के जीवन से खिलवाड़ करते है। जिले के ही स्वास्थ्य मंत्री जी भी है उसके बाद भी ऐसे लोगो पर अंकुश नही लग पा रहा है। क्षेत्र के ग्राम चैखडिया निावासिनी एक महिला ने इटवा केएक कथित जच्चा बच्चा केन्द्र पर बच्चे केमामले में अपने को एडमिट कराया था । जिसका गलत आपरेशन होने पर पूरा परिवार धन व तन से तबाह हो गया और आज भी वह गरीब वरिवार लखनउ में इजाल कराने केसाथ ही जिन्दगी व मौत से लड़ने को मजबूर है। ऐसे कई लोग पैसा गवांने के साथ ही विभिन्न तरीके से आये दिन फर्जी व अप्रशिक्षित लोगो केे हाथो शोषण शिकार हो रहा है। कोई आयुर्वेद के डी फार्मा की डिग्री लेकर एलोपैथ की मेडिकल स्टोर के साथ नर्सिग
होम चला रहा है। तो वाहरी चिकित्सक के नाम पर फर्जी हस्ताक्षर करदिन भर न जाने किजने अल्टासाउन्ड व ब्लड जाच का रिपोर्ट तैयार करते है जिसमे हल्की चूक से मरीज के इलाज की दिशा व दशा बदल जाय । परन्तु विभाग के बेपरवाह नौकरशाह मूक बाधिर बनें हुए हैं । जिससे लोगों में आक्रोष व्याप्त है । ग्रामीण बिनोद कुमार ,अमित यादव ; अजोरें , प्यारे , तिलकराम , दिलीप कुमार , विक्की सहित दर्जनों लोगों ने विभाग के उच्चधिकारियों का ध्यान अवलोकित करातें हुये जांच की फरियाद की हैं। इस संबंध में इटवा सीएससी अधीक्षक डा0 बीके बै़द्य कहना है कि समय समय पर विभाग द्वारा अभियान चलाया जाता है।और अबैध व मानक विहीन पाये जाने पर कार्यवाही की जाती है।
क्षेत्र में मुन्नाभाइयों की भी भरमार
जानकारी के मुताबिक क्षेत्र के बिस्कोहर ,सेमरी ,झकहिया, बढ़या , कठेला , खड़सरी , सेंदुरी , धोबहा सहित हर छोटें बड़ें चैराहों ,नुक्कड़ों पर लाल पीली गोलियों से इन मुन्नाभाईयों की दुकानें सजी हुयी है । परन्तु विभाग के जिम्मेदारों को इन्हें देखनें का समय नही है ।ंफिलहाल कुछ भी हो सजा तो उन गरीबों को झेलना पड़ता है जो गरीबी की दलदल में जूझ कर अपनी जिन्दगी का गुजर बसर करतें है । क्योंकि अमीर तो अपनी इलाज के लिए शहर की तरफ पलायन कर जाता है । और गरीब तो गरीबी की मार से अपाहिज होकर इन मुन्नाभाईयों के हाथों का शिकार बन कर ही रह जाता है ।

पूर्वांचल विकास मंच की ओर से सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र इटवा के चिकित्सक एवं स्वास्थ्य कर्मियो को एवं अन्य एवं बैंक कर्मियो को कोरोना योद्धा सम्मान पत्र देकर किया गया सम्मानित, कठिन परिस्तिथितियो मे ये अपनी जान की परवाह किए बिना देते रहे सेवा

इटवा, सिद्धार्थनगर। कोरोना महामारी के दौरान अपनी उच्च सेवाएं प्रदान करने वाले स्वास्थ्य अधिकारियों, स्वास्थ्यकर्मियों एवं बैंक के अधिकारीयो को। पूर्वांचल विकास मंच की ओर से कोरोना योद्धा सम्मान पत्र वितरित किया गया।
इटवा के सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र पर आयोजित कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए चिकित्सा अधीक्षक इटवा डॉ वी के वैद्य ने कहा कि योग विद्या द्वारा शरीर की ऊर्जा को बढाने तथा प्राचीन देशी नुस्खों का प्रयोग कर शरीर की प्रतिरोधक क्षमता बढाने के लिए सही आहार लें तथा सोशल डिस्टेंस का पूरा ख्याल रखें, मास्क का सदैव प्रयोग करें। पूर्वांचल विकास मंच के राष्ट्रीय अध्यक्ष नंदलाल सोनी ने कोरोना योद्धा सम्मान पत्र देकर चिकित्सा अधीक्षक इटवा डॉ वी के वैद्य को सम्मानित किया। इसी क्रम में डॉ संजय गुप्ता, डॉ आर पी गोड़ , डॉ देवेश कुमार सिंह, डॉ संतोष कुमार राय, डॉ जमील अहमद, डॉ अनिल मिश्रा, डॉ संदीप द्विवेदी,आशुतोष कुमार शुक्ला, फार्मासिस्ट अमित कुमार मिश्रा, नरेंद्र मीणा, स्टाफ नर्स मालती देवी, नीरज मीणा, इसी क्रम में बड़ौदा यूपी बैंक इटवा शाखा में बैंक अधिकारी अंकित श्रीवास्तव, अभय दीप श्रीवास्तव, भूपेंद्र प्रताप सिंह, आशीष मिश्रा, श्रवण पाल को सम्मान पत्र देकर उनके उज्जवल भविष्य की कामना करते हुए सम्मानित किया गया। पूर्वांचल विकास मंच के उप संरक्षक डॉ निसार अहमद खां, आशुतोष सिंह, आदि उपस्थित रहे।

केमिस्ट एन्ड ड्रगिस्ट एसोसिएशन से दवा विक्रेता समिति इकाई इटवा ने अपनी सदस्यता समाप्त की

इटवा- सिद्धार्थनगर

दवा व्यवसायियों के हितों के लिए बने केमिस्ट एन्ड ड्रगिस्ट असोसिएशन से इटवा यूनिट ने खुद को अलग करते हुए असोसिएशन पर निष्क्रिय एंव उद्देश्य विहीन होने के बड़े आरोप लगाए। इटवा यूनिट के द्वारा दिये गए पत्र के अनुसार दवा विक्रेताओं की मूलभूत समस्याओं के समाधान के लिए बनी संघठन निष्क्रिय हो चुकी है। इसलिए यूनिट का इस संगठन में बने रहने का कोई औचित्य नहीं है।

Coronavirus: लखनऊ के KGMU में भी प्लाज्मा थेरेपी शुरू, कोरोना को हराने वाले डॉक्टर तौसीफ खान होंगे सबसे पहले डोनर,सिद्धार्थ नगर जनपद के है स्थायी निवासी

बढ़नी, सिद्धार्थनगर।

शोहरतगढ़ तहसील क्षेत्र के विकास खंड बढ़नी के ग्राम अकरहरा के रहने वाले है डॉक्टर तौसीफ खान वर्तमान में केजीएमयू लखनऊ में रेजिडेंट चिकित्सक हैं। KGMU में कोरोना संक्रमित मरीज का इलाज करते समय वह खुद कोरोना पॉजिटिव हो गए थे,अब वो कोरोना वायरस को मात देकर पूरी तरह ठीक होकर फिर कार्य भार संभाल चुकें हैं।

कोरोनावायरस (Coronavirus) से संक्रमण के कारण गंभीर रूप से बीमार मरीजों के उपचार के लिए (KGMU)लखनऊ में प्लाज्मा थेरेपी की प्रक्रिया शनिवार से आरंभ हो गई और केजीएमयू के रेजीडेंट डॉक्टर तौसीफ खान पहले ऐसे व्यक्ति होंगे जो अस्पताल में इस कार्य के लिए अपना प्लाज्मा दान करेंगे इस पुनीत काम के लिये उन्होंने शनिवार को माहे रमजान के पवित्र महीने का पहला दिन रोजा रखकर अपने रक्त का नमूना केजीएमयू को दिया है। उनके रक्त की जांच ट्रांसफ्यूजन मेडिसिन विभाग में हो रही है, जांच के बाद सब कुछ ठीक पाए जाने पर डॉ. खान के शरीर से प्लाज्मा लिया जाएगा जो कोरोना वायरस से संक्रमित कम से कम दो गंभीर मरीजों के इलाज में काम आएगा।
केजीएमयू की ट्रांसफ्यूजन मेडिसिन विभाग प्रमुख डॉ. तूलिका चंद्रा ने शनिवार को बताया, ‘‘केजीएमयू में प्लाज्मा थेरेपी से कोरोना वायरस संक्रमण के गंभीर रोगियों के इलाज पर काम शनिवार से शुरू हो गया. इस सिलसिले में केजीएमयू के रेजीडेंट डॉक्टर तौसीफ खान के रक्त का नमूना लिया गया है. वह संक्रमित होने के बाद स्वस्थ हो गए हैं. इस नमूने की जांच में हम उनके रक्त में एंटी-बाडीज की क्या स्थिति है, उसकी जांच करेंगे. उसके बाद हम उनके शरीर से 500 मिलीलीटर प्लाज्मा ”प्लाज्मा फेरेसिस” विधि से निकालेंगे. इस प्रकिया में करीब डेढ़ से दो घंटे का समय लगेगा. इसके बाद हम इस प्लाज्मा को स्टोर कर लेंगे.”

डॉ. खान के रक्त की जांच के बाद उनके रक्त से प्लाज्मा निकालने की प्रक्रिया रविवार को की जा सकती है. उन्होंने बताया, ‘‘इस प्लाज्मा को हम स्टोर कर लेंगे और गंभीर मरीज को इस प्लाज्मा में से 200 मिलीलीटर प्लाज्मा चढ़ाया जाएगा. यानी एक मरीज के प्लाज्मा से दो मरीजों को ठीक किया जा सकता है.” डॉ. चंद्रा ने बताया कि अगर पहली बार 200 मिलीलीटर प्लाज्मा चढ़ाए जाने से मरीज में सकारात्मक परिणाम नहीं दिखता है, तो उसमें दोबारा 200 मिलीलीटर प्लाज्मा चढ़ाया जाएगा. केजीएमयू के डॉ. खान में एक संक्रमित मरीज के संपर्क में आने के बाद 17 मार्च को संक्रमण की पुष्टि हुई थी. वह सात अप्रैल को केजीएमयू से ठीक होकर अपने घर में 14 दिन के लिये पृथक-वास में रहे थे. अब वह एक बार फिर केजीएमयू में अपनी सेवाएं देने को तैयार हैं.

डॉ. खान ने कहा, ‘‘मुझसे कोविड-19 मरीजों की जांच कर रहे मेडिसिन विभाग के डॉ. डी. हिमांशु ने पूछा कि क्या मैं प्लाज्मा दान करने वाला पहला व्यक्ति बनना चाहूंगा. मैंने तुरंत हां कर दी क्योंकि रमजान के पवित्र महीने में अगर मैं किसी मरीज की जान बचाने के काम आ सकूं तो इससे बेहतर क्या होगा. मैंने शनिवार को अपना पहला रोजा रखने के दौरान अपना रक्त परीक्षण के लिये दे दिया.” डॉ. हिमांशु ने बताया, ‘‘डॉ. खान का रक्त परीक्षण के लिये ले लिया गया है. अगर सब कुछ ठीक रहा तो ट्रांसफ्यूजन मेडिसिन विभाग की टीम शनिवार शाम या रविवार को उनका प्लाज्मा निकालेगी.” डॉ. चंद्रा के मुताबिक प्लाज्मा निकालने के बाद इसे अन्य गंभीर मरीजों में इसे चढ़ाने की प्रक्रिया सोमवार या मंगलवार को शुरू हो सकती है|

एसडीएम डुमरियागंज ने मेडिकल स्टोर की जांच की , अवैध मेडिकल संचालको में मचा हणकंप ,यदि कोई अवैध मेडिकल स्टोर अल्ट्रासाउंड सेंटर चलता है या सरकारी अस्पताल से बाहर की दवाएं लिखी जाती हैं तो प्रभारी चिकित्सा अधिकारी पर कार्यवाही के साथ अल्ट्रासाउंड सेंटर ,पैथोलॉजी सेंटर पर होगी कार्यवाही -त्रिभुवन

डुमरियागंज , सिद्धार्थनगर । डुमरियागंज में सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र के आसपास स्थित मेडिकल स्टोर पैथोलॉजी और अल्ट्रासाउंड सेंटर की एसडीएम डुमरियागंज त्रिभुवन ने जांच की।मौके पर भारत मेडिको, मिश्रा मेडिकल स्टोर ,शहाब मेडिकल स्टोर जांच के दौरान अपना पंजीकरण दिखाया। जांच के दौरान बलरामपुर डायग्नोस्टिक अल्ट्रासाउंड सेंटर, न्यू नेशन मेडिकल स्टोर, सोनी मेडिकल स्टोर ,जनता पैथोलॉजी ,राजू मेडिकल स्टोर ,संजीवनी हॉस्पिटल अल्ट्रासाउंड सेंटर जानबूझकर बंद कर फरार हो गए। उपस्थित डॉक्टरों की टीम को चेतावनी दी गई कि यदि बिना पंजीकरण कराएं। कोई मेडिकल स्टोर अल्ट्रासाउंड सेंटर चलता है और सरकारी अस्पताल से बाहर की दवाएं लिखी जाती हैं तो प्रभारी चिकित्सा अधिकारी पर कार्यवाही के साथ अल्ट्रासाउंड सेंटर ,पैथोलॉजी सेंटर सील कर दिया जाएगा और सुसंगत धाराओं में मुकदमा दर्ज किया जाएगा।

कुपोषण के खिलाफ जन आंदोलन बनेगा पोषण माह , जिले के सभी ब्लाकों में आयोजित हुई पोषण कार्यशालाएं

सिद्धार्थनगर। बाल विकास एवं पुष्टाहार विभाग द्वारा मनाए जा रहे पोषण माह में शु्क्रवार को जिले के सभी ब्लाकों में पोषण कार्यशालाएं हुई। इन कार्यशालाओं में कुपोषण के खिलाफ पोषण माह को जन आंदोलन का रूप देने की चर्चा की गई।
जिला कार्यक्रम अधिकारी शुभांगी कुलकर्णी ने कहा कि पोषण अभियान में कन्वर्जेंस की सबसे अहम प्रक्रिया है। कुपोषण के खिलाफ छह विभाग एक साथ मिलकर काम कर रहे हैं। इसमें विभागों के प्रतिनिधि बेहतर समन्वय से पोषण अभियान के लिए धरातल पर काम करें तो निश्चित ही कुपोषण से मुक्ति मिल जाएगी। पोषण माह कुपोषण के लिए बड़ा आंदोलन है। नौगढ़ तहसील परिसर में 5 विकास खण्डों के ब्लॉक पोषण समिति के सदस्यों ने बैठक की। इसमें सभी विभागों ने भागीदारी सुनिश्चित करने की शपथ ली। इस दौरान स्वस्थ भारत प्रेरक विनय कुमार ने कहा कि पोषण माह ऊपरी आहार थीम पर मनाया जा रहा है। इसमें हर दिन अलग- अलग गतिविधि के माध्यम से लाभार्थी को जोड़ा जा रहा है, जिसमें सबकी सहभागिता जरूरी है। समिति के सदस्य भ्रमण के दौरान लाभार्थी को पोषण के पांच सूत्रों की जानकारी जरूर दें। संचालन नौगढ़ सीडीपीओ गौरीशंकर यादव ने किया। बैठक में सीडीपीओ जोगिया निर्भय सिंह, सीडीपीओ शहर भानुप्रताप सिंह, सीडीपीओ लोटन बलराम यादव व समिति के सदस्य मौजूद रहे। अपर सांख्यिकीय अधिकारी बी.राम ने कहा कि गर्भवती और बच्चे के शुरूआती एक हज़ार दिन बहुत महत्त्वपूर्ण होते हैं। इसी दौरान बच्चे का अधिकतर मानसिक विकास होता है। इस समय मां और बच्चे को पोषित रखा जाए तो शारीरिक व मानसिक विकास बेहतर होगा। बांसी तहसील में ब्लॉक स्तरीय पोषण समिति की बैठक में मिठवल सीडीपीओ प्रियंका वर्मा ने कहा कि पोषण माह में सभी की जिम्मेदारी महत्वपूर्ण है। समन्वय से अभियान को धार दिया जाए तो जिला कुपोषण मुक्त हो जाएगा। बैठक में सीडीपीओ बांसी नीलम वर्मा व समिति के सदस्य मौजूद रहे।
[9/7, 03:04] srtaj Aalm Ji: बांसी में. मीटिंग करते ब्लॉक पोषण समिति के सदस्य

इटवा में मनाया गया होम्योपैथिक चिकित्सक डा.भास्कर शर्मा का जन्मदिन

इटवा, सिद्धार्थनगर । गिनीज बुक आफ रिकार्ड सहित सैकड़ो वर्ड रिकार्ड से नवाजे जा चुके विश्व प्रसिद्ध होम्योपैथिक चिकित्सक व साहित्यकार डा. भास्कर शर्मा का जन्मदिन बुधवार को इटवा स्थित उनके क्लीनिक पर धूम धाम के साथ मनाया गया । इस अवसर पर डा.शर्मा के जीवन पर आधारित लघु फिल्म डा.भास्कर वायोपिक का प्रदर्शनी भी किया गया । इस बायोपिक में डा .भास्कर के बचपन से अब तक के उनके उपलब्धियो का वर्णन किया गया है। इस फिल्म का निर्माण होम्योपैथिक चिकित्सालय एवं रिसर्च सेंटर द्वारा कराया गया है। जन्मदिन के अवसर पर केक काटा गया एवं मिठाइयाँ वितरित की गयी । इस मौके पर संतोष कुमार , डा.चंदेस्वर , आशीष कुमार , अनिल कुमार , महेश कुमार आदि लोग मौजूद रहे ।

संचारी रोग नियंत्रण में कारगर होमियोपैथी की दवाएं :-डा.भास्कर शर्मा

स्वच्छता स्वस्थ शरीर के लिए परम आवश्यक है। व्यक्तिगत स्वच्छता जहां एक व्यक्ति को स्वस्थ रखती है वहीं सामाजिक स्वच्छता पूरे समाज को निरोगी काया प्रदान करती है। सामाजिक स्वच्छता स्वस्थ समाज की संकल्पना को फलीभूत करता है। गिनीज वर्ल्ड रिकॉर्ड धारी एवं विभागाध्यक्ष मटेरिया मेडिका हनीमैन कॉलेज ऑफ़ होम्योपैथी यूके लंदन डॉ भास्कर शर्मा ने बताया कि
संचारी रोग की भयावहता का मुख्य कारण गंदगी है। घर के बाहर ही कूड़ा-करकट का फेंकना रोगों को जन्म देता है जिनमें से कुछ तो जानलेवा भी साबित होते हैं। डॉ भास्कर शर्मा ने कहां कि संचारी रोगों में मुख्य रूप से वाइरल बुखार, मलेरियल बुखार, कालरा, डायरिया, दिमागी बुखार आदि को रखा जाता है। ये सभी ऐसे रोग हैं जो परिवार के एक भी सदस्य को होने पर अन्य लोगों को होने की पूरी संभावना रहती है। डॉ भास्कर शर्मा ने संचारी रोगों से बचने के लिए होम्योपैथी की एकोनाइट, आर्सेनिक, औरमट्राई फीलियम, कैंफर,कार्बोवेज, नक्स वॉमिका, बैक्टीसिया, पैट्रोलियम, ब्रायोनिया,यूपाटोरियम परफोलिएटम, सल्फर, बेलाडोना,जलसीमीयम पोडोफिलम आदि होम्योपैथिक औषधियां लक्षण अनुसार बेहद कारगर है। डॉक्टर शर्मा ने आगे यह भी बताया कि इसके लिए साफ सफाई अपनाएं और बीमारी से बचें। अधिक से अधिक नारियल पानी, शिकंजी, ताजे फलों के रस आदि तरल पदार्थों का सेवन करने की सलाह दी। अधिक जानकारी के लिए तत्काल चिकित्सक से सलाह लें।

एसडीएम इटवा त्रिभुवन ने पुरैना व टिकूईया में शराब की दुकानों की जांच की , रेट लिस्ट ना पाए जाने व परिसर में गंदगी मिलने पर लगाया 10 हजार का जुर्माना , सुधार का दिया अल्टीमेटम

इटवा, सिद्धार्थनगर ( 20 जून) गुरुवार को उपजिलाधिकारी इटवा ने दोपहर में छेत्र के सरकारी देशी शराब की दुकान का आकस्मिक निरीक्षण किया गया। पुरैना गांव में स्थित देशी शराब दुकान प्रोपराइटर अवधेश त्रिपाठी मे रेट लिस्ट नहीं लगी पाई गई ,शिकायत रजिस्टर भी नहीं पाया गया। साथ ही गंदगी मिली। दूसरी दुकान टिकूईया चौराहा प्रोपराइटर मोहरा मोहरा देवी मे भी गंदगी पाई गई तथा शिकायत रजिस्टर ग्राहकों के लिए नहीं बना था। बारकोड स्कैनर से शराब की बोतलों की जांच भी की गई ।दोनों दुकानों पर रू 10000 का जुर्माना लगाया गया ।साथ ही चेतावनी दी गई कि सुधार नहीं हुआ तो दुकान का लाइसेंस निरस्त होगा साथ में आबकारी इंस्पेक्टर भी मौजूद रहे।

एसडीएम इटवा त्रिभुवन कुमार ने बुधवार को प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र खुनियाव का किया निरीक्षण , सीनियर नर्स पुरुष 4 दिन से व प्रमोद कुमार त्रिपाठी एल टी भी अनुपस्थित पाए गए , साफ सफाई में भी मिली खामियां , बाउण्ड्रीवाल बनवाने व परिसर की सफाई का दिया निर्देश , अनुपस्थित कर्मियों का वेतन रोकने की कार्यवाही की

प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र खुनियाव का निरीक्षण करते एसडीएम इटवा त्रिभुवन

इटवा, सिद्धार्थनगर ( 19 जून)।बुधवार को प्रातः जिलाधिकारी महोदय के निर्देश के क्रम में एसडीएम इटवा त्रिभुवन ने प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र ब्लॉक में खूनीयाव का निरीक्षण किया । मौके पर प्रभारी चिकित्सा अधिकारी खान प्रशिक्षण हेतु जिले मे गए हुए थे । सीनियर नर्स पुरुष 4 दिन से अनुपस्थित पाए गए, वही प्रमोद कुमार त्रिपाठी एल टी भी अनुपस्थित पाए गए ।इनका वेतन रोकने के लिए जिलाधिकारी महोदय को रिपोर्ट प्रेषित की जाएगी। प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र की बाउंड्री टूटी हुई पाई गई, साथ ही साफ सफाई अत्यंत खराब मिली ।एसडीएम द्वारा खंड विकास अधिकारी को निर्देशित किया गया कि कल क्षेत्र पंचायत बैठक में बाउंड्री का प्रस्ताव करा कर बाउण्डी निर्माण कराना सुनिश्चित करें साथ ही सफाई कर्मियों की टीम लगाकर प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र परिसर की सफाई भी करवाना सुनिश्चित करें ।निरीक्षण के समय तक 40 मरीजों का पंजीकरण पाया गया मौके पर उपस्थित मरीजों से पूछताछ की गई मरीजों ने सुविधाओं के संबंध में संतोषजनक जवाब दिया । उपस्थित डॉक्टरों को निर्देशित किया गया कि रात में भी निरीक्षण किया जाएगा यदि अनुपस्थित मिले तो निलंबन की कार्रवाई की जाएगी साथ ही यदि बाहर की दवाएं लिखी जाएंगे तो भी कठोर कार्रवाई की जाएगी।